भीषण बाढ़ से क्षतिग्रस्त संरचना पर युद्धस्तर पर काम जारी, सुरक्षा इंतजाम भी किए जा रहे मजबूत
रामनगर, संवाददाता : उत्तराखंड के रामनगर में 2022 में आयी भीषण बाढ़ में क्षतिग्रस्त कोसी बैराज तटबंध का युद्धस्तर पर जीर्णोद्धार किया जा रहा है, जिसका मुख्य लक्ष्य आगामी बरसात से पहले काम पूरा करना है। वर्ष 2022 में यहां आई भीषण बाढ़ के दौरान कोसी बैराज के पास सिंचाई चौकी के नीचे बना तटबंध गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हो गया था। तेज बहाव के कारण तटबंध के कई ब्लॉक नदी में बह गए थे और कुछ हिस्से पूरी तरह टूट गए थे, जिससे सिंचाई विभाग की संपत्तियों पर खतरा मंडराने लगा था।
गुरुवार को प्राप्त जानकारी के अनुसार सिंचाई विभाग द्वारा तटबंध को मजबूत करने के लिए नए सिरे से पत्थर के ब्लॉक लगाए जा रहे हैं और संरचना को तकनीकी मानकों के अनुरूप सुदृढ़ किया जा रहा है। कार्य स्थल पर मशीनों और श्रमिकों की मदद से तेजी से निर्माण कार्य चल रहा है, ताकि समय रहते इसे पूरा किया जा सके।सहायक अभियंता राजीव खनुलिया ने बताया कि विभाग की प्राथमिकता है कि आगामी बरसात से पहले तटबंध का कार्य पूर्ण कर लिया जाए। उन्होंने कहा कि बारिश के मौसम में कोसी नदी का जलस्तर अचानक बढ़ जाता है, जिससे तेज बहाव तटबंध और आसपास स्थित सिंचाई भवन व बैराज के लिए खतरा पैदा कर सकता है। ऐसे में समय से पहले मरम्मत कार्य पूरा करना बेहद आवश्यक है।
उन्होंने यह भी बताया कि निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, ताकि भविष्य में बाढ़ जैसी स्थिति आने पर तटबंध मजबूती से टिक सके और किसी प्रकार का नुकसान न हो। विभाग लगातार मॉनिटरिंग कर रहा है और कार्य की प्रगति की नियमित समीक्षा की जा रही है। स्थानीय लोगों ने भी तटबंध के पुनर्निर्माण कार्य पर संतोष जताया है और उम्मीद व्यक्त की है कि इस बार मजबूत निर्माण से बाढ़ के दौरान क्षेत्र को सुरक्षा मिलेगी।






















