कानपुर। उत्तर प्रदेश के कानपुर में किशोरी के साथ हुए सनसनीखेज गैंगरेप मामले ने पुलिस महकमे को हिला कर रख दिया है। आरोप है कि एक दारोगा और कथित पत्रकार ने स्कॉर्पियो गाड़ी से किशोरी का अपहरण कर सामूहिक दुष्कर्म किया। घटना के बाद पीड़िता को उसके घर के बाहर फेंककर आरोपी फरार हो गए थे।
मामले में कथित पत्रकार शिवबरन को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है, जबकि मुख्य आरोपी दारोगा अमित मौर्या की तलाश में पुलिस की चार विशेष टीमें दबिश दे रही हैं।
इस मामले में लापरवाही सामने आने के बाद पुलिस प्रशासन पर भी कार्रवाई की गई है। जांच में गंभीर चूक पाए जाने पर डीसीपी दिनेश चंद्र त्रिपाठी को पद से हटा दिया गया है। वहीं, एफआईआर में आरोपियों को नामजद न करने और पॉक्सो एक्ट की धाराएं न जोड़ने के आरोप में संबंधित थाना प्रभारी इंस्पेक्टर विक्रम सिंह को निलंबित कर दिया गया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और फरार आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा। पीड़िता को सुरक्षा और चिकित्सीय सहायता उपलब्ध कराई जा रही है।
यह मामला कानून-व्यवस्था और पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।
























