18 अप्रैल को विवेचक और सीओ नगर को व्यक्तिगत रूप से पेश होने के निर्देश
सुलतानपुर,संवाददाता : विजय नारायण सिंह हत्याकांड की जांच में गंभीर लापरवाही सामने आने पर सीजेएम कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है। अदालत ने विवेचक और क्षेत्राधिकारी (सीओ) नगर को नोटिस जारी कर 18 अप्रैल को व्यक्तिगत रूप से पेश होने का आदेश दिया है। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट नवनीत सिंह की अदालत में क्राइम ब्रांच इंस्पेक्टर सीमा सरोज द्वारा प्रस्तुत विवेचना रिपोर्ट की सुनवाई के दौरान ओवरराइटिंग और अन्य त्रुटियां पाई गईं। इस पर कोर्ट ने एसपी के माध्यम से स्पष्टीकरण मांगा है।
यह मामला कोतवाली नगर क्षेत्र के नारायनपुर निवासी सतीश नारायण सिंह द्वारा 7 अप्रैल 2024 को दर्ज कराए गए मुकदमे से जुड़ा है, जिसमें उनके भाई विजय नारायण सिंह की पल्लवी होटल के सामने गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। मामले में अजय सिंह सिलावट सहित कई लोगों को नामजद किया गया था। पुलिस ने अब तक केवल अजय सिंह सिलावट के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की है, जबकि अन्य आरोपियों के खिलाफ जांच लंबित रही। वर्तमान में इस मामले का ट्रायल एडीजे प्रथम की अदालत में चल रहा है और अगली सुनवाई 23 अप्रैल को निर्धारित है।
कोर्ट में प्रस्तुत जांच रिपोर्ट में अन्य आरोपियों की संलिप्तता से इनकार किया गया है, जबकि कई तकनीकी और प्रक्रियात्मक खामियां भी सामने आई हैं। अदालत ने टिप्पणी की कि इतने गंभीर मामले में विवेचना सतही ढंग से की गई और पर्यवेक्षण में भी लापरवाही बरती गई। अदालत ने विवेचक हंसमती और सीओ नगर सौरभ सामंत से जवाब-तलब करते हुए एसपी के माध्यम से अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया है।























