61 एकड़ जमीन पर तैयार होगा हाई-सिक्योरिटी केंद्र
अयोध्या, संवाददाता : अत्यंत संवेदनशील शहरों में गिनी जाने वाली भगवान श्रीराम की पावन नगरी अयोध्या की सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। यहां राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (एनएसजी) का एक क्षेत्रीय केंद्र स्थापित करने का निर्णय लिया गया है। इस केंद्र के लिए कुल 61 एकड़ भूमि की मांग की गई है। पहले चरण में 8 एकड़ भूमि उपलब्ध कराई जा चुकी है, जबकि अब विस्तारित केंद्र के निर्माण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यह देश का सातवां एनएसजी हब होगा, जहां ब्लैक कैट कमांडो स्थायी रूप से तैनात रहेंगे।
श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या बनी बड़ी वजह
राम मंदिर के लोकार्पण के बाद अयोध्या में श्रद्धालुओं की संख्या में भारी बढ़ोतरी हुई है। सामान्य दिनों में हजारों लोग पहुंचते हैं, जबकि त्योहारों के दौरान यह संख्या लाखों में पहुंच जाती है। अनुमान है कि अब तक करीब 40 करोड़ श्रद्धालु अयोध्या आ चुके हैं, जिनमें वर्ष 2025 में ही लगभग 28 करोड़ शामिल रहे। इतनी बड़ी संख्या को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को अत्याधुनिक बनाना आवश्यक हो गया है।
24 घंटे हाई लेवल सुरक्षा की तैयारी
एनएसजी केंद्र की स्थापना से अयोध्या में 24 घंटे उच्च स्तरीय सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकेगी। किसी भी आतंकी खतरे या आपात स्थिति में ब्लैक कैट कमांडो तुरंत मोर्चा संभाल सकेंगे, जिससे पूरे क्षेत्र की सुरक्षा और मजबूत होगी।
इंफ्रास्ट्रक्चर और सुविधाओं का विस्तार
सुरक्षा के साथ-साथ अयोध्या में आधारभूत ढांचे का भी तेजी से विकास किया जा रहा है। परिक्रमा मार्ग शुरू करने की तैयारी है और मंदिर परिसर के सभी छह मंदिरों को दर्शन के लिए खोला जाएगा। श्रद्धालुओं के लिए बुकिंग की सुविधा ऑनलाइन उपलब्ध कराई जाएगी। इसके अलावा, अयोध्या से प्रयागराज के बीच छह लेन का ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे भी निर्माणाधीन है।
पर्यटन को बढ़ावा देने पर जोर
विशेष पर्यटन नीति के तहत 125 से अधिक नए होटलों का प्रस्ताव तैयार किया गया है। साथ ही आधुनिक एयरपोर्ट, उन्नत रेलवे स्टेशन, 300 बेड का अस्पताल और कैंसर अस्पताल जैसी सुविधाएं विकसित की जा रही हैं। इन सभी प्रयासों का उद्देश्य अयोध्या को एक सुरक्षित, आधुनिक और विश्वस्तरीय धार्मिक पर्यटन केंद्र के रूप में स्थापित करना है।























