वसंत पंचमी व अचला सप्तमी स्नान को लेकर प्रशासन ने जारी की विस्तृत गाइडलाइन

प्रयागराज,संवाददाता : गंगा की पावन धरा पर विश्व प्रसिद्ध माघ मेले का शुभारंभ 3 जनवरी से हो चुका है। 15 फरवरी को महाशिवरात्रि के अंतिम स्नान के साथ माघ मेले का समापन होगा। मेले के दौरान संगम में आस्था की डुबकी लगाने के लिए देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु प्रयागराज पहुंच रहे हैं। वसंत पंचमी और अचला सप्तमी स्नान पर्व को देखते हुए 23 से 25 जनवरी तक मेला क्षेत्र में भारी भीड़ की संभावना जताई गई है। इसी को ध्यान में रखते हुए मेला प्रशासन ने आवागमन और पार्किंग को लेकर विस्तृत ट्रैफिक प्लान जारी किया है।
22 जनवरी रात 8 बजे से मेला क्षेत्र में वाहनों की एंट्री बंद
22 जनवरी की रात 8 बजे से माघ मेला क्षेत्र में सभी प्रकार के वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा। केवल एंबुलेंस और आपातकालीन वाहनों को छूट दी जाएगी।
श्रद्धालु निर्धारित पार्किंग स्थलों पर वाहन खड़े कर पैदल मार्गों से स्नान घाटों तक पहुंचेंगे। संगम नोज पर किसी भी प्रकार की पार्किंग पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी। एसपी मेला नीरज पांडेय ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे निर्धारित मार्गों और पार्किंग स्थलों का ही उपयोग करें, ताकि स्नान पर्व के दौरान आवागमन सुचारु बना रहे।
परेड क्षेत्र की पार्किंग व्यवस्था
- प्लॉट नंबर-17 पार्किंग → काली मार्ग → अपर संगम मार्ग → संगम, हनुमान व रामघाट
- गल्ला मंडी पार्किंग → काली मार्ग → मोरी रैंप → किलाघाट → काली उत्तरी, मोरी, शिवाला व दशाश्वमेध घाट
- नागवासुकि पार्किंग → रिवर फ्रंट मार्ग → घाट
झूंसी क्षेत्र की पार्किंग व्यवस्था
- ओल्ड जीटी कछार पार्किंग → नागवासुकि मार्ग → पीपा पुल संख्या 4 व 5 के मध्य घाट
- टीकरमाफी–महुआबाग पार्किंग → जीटी रोड → त्रिवेणी मार्ग → पीपा पुल संख्या 2 व 3 के मध्य घाट
- सोहम आश्रम पार्किंग → रिवर फ्रंट झूंसी मार्ग
अरैल क्षेत्र की पार्किंग व्यवस्था
- देवरख कछार पार्किंग → सोमेश्वर महादेव रैंप → सोमेश्वर घाट
- गजिया पार्किंग → अरैल घाट, औल घाट व चक्रमाधव घाट
- नवप्रयागम पार्किंग → अरैल बांध रोड → अरैल व अन्य स्नान घाट
पीपा पुलों पर विशेष यातायात व्यवस्था

- परेड से झूंसी जाने हेतु: पीपा पुल संख्या 3, 5 और 7
- झूंसी से परेड लौटने हेतु: पीपा पुल संख्या 4 और 6
- पीपा पुल संख्या 1 और 2: आकस्मिक परिस्थितियों के लिए आरक्षित सभी पीपा पुलों पर एकल मार्ग व्यवस्था लागू रहेगी।
प्रशासन की अपील:

श्रद्धालु नियमों का पालन करें, निर्धारित मार्गों का उपयोग करें और प्रशासन को सहयोग देकर स्नान पर्व को सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित बनाने में मदद करें।
























